पुखराज किस राशि वालों को धारण करना चाहिए
पुखराज किस राशि वालों को धारण करना चाहिए और क्या लाभ है जाने ....
पुखराज, जिसे अंग्रेजी में येलो सेफायर कहते हैं देखने में हल्के पीले या गहरे पीले रंग का होता है। यह चमकीला होता है। ध्यान से देखने पर ऐसा लगता है जैसे इसके अंदर पानी हो।
इसके आर-पार दिखाई देता है लेकिन साफ साफ नहीं, थोड़ा सा धुंधला। हालांकि पीला पुखराज सबसे ज्यादा अमूल्य और लोकप्रिय होता है लेकिन इसके अलावा यह सफेद, गुलाबी और नीले रंग का भी होता है
और वह सब भी बहुत मूल्यवान होते है। एक बहुत ही दुर्लभ ब्रेगेंजा नामक रंगहीन पुखराज पुर्तगाल के राजा के पास है , जिसे पहले हीरा समझा जाता था। साथ ही इसे पहनने से क्या फायदा होगा और क्या नुकसान है।
वृष राशि का स्वामी ग्रह शुक्र है और इस ग्रह का गुरु के साथ सामान्यर संबंध होता है। इसके अलावा गुरु, वृष राशि के आठवें और ग्यारहवें भाव का भी स्वामी है।
वृषभ राशि के दूसरे, चौथे, पांचवे, नौवे, दसवें और ग्यारहवें भाव में गुरु हो तो उस व्यहक्ति को आर्थिक मजबूती मिलती है। ये जातक पुखराज रत्न पहन सकते हैंमिथुन राशि का स्वामी बुध है।
गुरु और बुध के बीच भी ना ही बहुत अच्छे संबंध है और ना ही बहुत बुरे । गुरु के दूसरे, चौथे, पांचवे, सातवें और आठवें भाव में होने पर जातक को पुखराज रत्नर जरूर धारण करना चाहिए।
तुला राशि के तीसरे और छठे घर का स्वामी गुरु है। साथ ही तुला राशि का स्वामी शुक्र है एवं गुरु और शुक्र के मध्य शत्रुता का संबंध होने के कारण तुला राशि के लोगों को पुखराज रत्न जरा भी फायदा नहीं पहुंचाता है।
पुखराज पहनने से आपको पेट से संबंधित परेशानी हो सकती है। कुंभ राशि का स्वामी शनि ग्रह है। इस राशि में गुरु द्वितीयेश यानि प्रबल मारकेश और एकादशेश होने के कारण अकारक